Adiyogi Arts
ServicesResearchBlogVideosGitaPrayersEnter App
Gita / Chapter 10.35
← PrevNext →
Sanskrit
Hindi
Sanskrit

बृहत्साम तथा साम्नां गायत्री छन्दसामहम् | मासानां मार्गशीर्षोऽहमृतूनां कुसुमाकरः

Transliteration

bṛhatsāma tathā sāmnāṃ gāyatrī chandasāmaham . māsānāṃ mārgaśīrṣo.ahamṛtūnāṃ kusumākaraḥ

English

I am also the Brhat-sama of the Sama (-mantras); of the metres, Gayatri. Of the months I am Marga-sirsa, and of the seasons, spring.

Hindi

सामों (गेय मन्त्रों) में मैं बृहत्साम और छन्दों में गायत्री छन्द हूँ; मैं मासों में मार्गशीर्ष (दिसम्बरजनवरी के भाग) और ऋतुओं में वसन्त हूँ।।

Sanskrit
English
बृहत्साम
Brihatsaman
तथा
also
साम्नाम्
among Sama hymns
गायत्री
Gayatri
छन्दसाम्
among metres
अहम्
I
मासानाम्
among months
मार्गशीर्षः
Margasirsha
अहम्
I
ऋतूनाम्
among seasons
कुसुमाकरः
the flowery season (spring).
Hindi

मैं सामों में बृहत्साम हूँ भगवान् ने पहले कहा था कि? वेदों में सामवेद मैं हूँ। अब यहाँ सामवेद में भी विशेषता बताते हैं कि मैं सामों में बृहत्साम हूँ। ऋग्वेद की जिन ऋचाओं को सामवेद में गाया जाता है? उन्हें साम कहते हैं। उनमें एक साम वह है? जिसमें इन्द्र की सर्वेश्वर के रूप में स्तुति की गई है? जिसे बृहत्साम कहते हैं? जिसका उल्लेख भगवान ने यहाँ किया है। साममन्त्रों का गायन विशिष्ट पद्धति का होने के कारण अत्यन्त कठिन है? जिन्हें सीखने के लिए वर्षों तक गुरु के पास रहकर साधना करनी पड़ती है